व्यंग

मेहमाननवाज़ी

-मोहम्मद मंसूर आलम मियां किसी तरह से छल कपट करके मुखिया तो बन गए लेकिन मोहल्ले में उनकी साख लगातार गिर रही है. अपनी साख को बचाने के लिए उनहोंने बड़े सेठ को बुलाया है […]

व्यंग

जर्मन चश्मे से नहीं दिखेगा भारत का ग्रहण

-समीर भारती हमारे प्रधानसेवक माननीय नरेंद मोदी (बड़ी आबादी के लिए अमाननीय) जो हमारे प्रथम सेवक माननीय जवाहरलाल नेहरु (कुछ के लिए अमाननीय) से चुराया गया है खुद को जनता से फ़कीर, झोलाछाप, संत, और […]

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रहमदिल मोदी

कल जैसे ही मैंने टेलीविज़न खोला तो मेरा मन गद गद हो गया. एंकर चीख चीख कर मोदी जी की रहमदिली का बखान कर रहा था. मालूम हुआ कि तमिल नाडू में फंसे सुजीत विल्सन […]