क्यों हो रहा है ट्विटर पर #WeLoveBeef, Beef4Life और BeefForLife हैशटैग ट्रेंड?




ट्विटर पर जब कोई हैशटैग ट्रेंड करता है तो मेनस्ट्रीम मीडिया में वह खबर बनती है. कभी यह हैशटैग आशा के अनुरूप तो कभी यह अप्रत्याशित होते हैं. बीफ यानी गौ मांस को लेकर हैश टैग का ट्रेंड करना अजीब है. यह अजीब तब और ज्यादा है जब पूरे उत्तरी भारत में इस मुद्दे को लेकर अब तक कई हत्याएं हो चुकी हैं और जिनमें जयंत सिन्हा जैसे भाजपा के अत्यंत पढ़े लिखे सांसद और मंत्री का प्रोत्साहन भी मिला है. इन हत्याओं पर प्रधान मंत्री ने खेद भी जताया और सुप्रीम कोर्ट ने राज्यों को निर्देश भी दिए. इन सबके बाजवूद आए दिन ये घटनाएं हो रही हैं.

हुआ यूं कि आज भारत के दक्षिणी राज्य तमिल नाडू के नागापट्टीनम जिला में एक युवक को एक फेसबुक पोस्ट को लेकर चार स्थानीय लड़कों के समूह ने ज़ोरदार पिटाई कर दी जिससे उसकी हालत बिगड़ गयी और वह अस्पताल में है.

द हिन्दू की रिपोर्ट के मुताबिक, घटना किल्वेलुर (Kilvelur) पुलिस थाना के पोरावाचेरी (Poravachery) गाँव का है जहाँ मोहम्मद फिसान नाम के एक युवक ने फेसबुक पर अपना बीफ सूप पीते हुए तस्वीर शेयर किया था जिसमें उसने लिखा था कि मज़ा आ गया. गौरतलब है कि तमिल नाडू और अन्य दक्षिण और पूर्वोत्तर राज्यों , गोवा इत्यादि में बीफ सेवन सभी समुदायों में आम बात है.

इसी को लेकर चार स्थानीय युवकों ने मोहम्मद फिसान जो फोटोस्टेट की दूकान चलाते हैं को लोहे की छड इत्यादि से मार कर लहू लुहान कर दिया.

रिपोर्ट के अनुसार, पुलिस ने फिसान को अस्पताल में भर्ती कराया है और चारों लड़कों पर केस दर्ज किया गया है. इनमें एक लड़के का कथित तौर से तमिल नाडू की राजनैतिक पार्टी अम्मा मक्कल मुनेत्र कड़गम (Amma Makkal Munnetra Kazhagam) से संबंध बताया जा रहा है.

इस समाचार के वायरल होते ही ट्विटर पर बीफ खाने के समर्थन में मानो जन सैलाब उमड़ पड़ा. हजारों की संख्या में बीफ को लेकर तीन प्रमुख हैश टैग ट्रेंड करने लगा.

बीफ को लेकर लोगों की प्रतिक्रिया

अन्ना एम एम ने लिखा “अनायास प्रतिक्रिया शानदार थी”. उनहोंने एक प्रश्न उत्तर के स्नैपशॉट को साझा किया है जिसमें जवाब देने वाला कह रहा है कि गौ मांस केरल का राष्ट्रीय आहार है.

एक दुसरे यूजर ने लिखा कि भारत में बीफ खाना पाप है लेकिन निर्यात करना पुण्य है.

एक यूजर ने लिखा कि मैं ने उस दिन बीफ खाना शुरू किया जब फासीवादियों ने इस पर प्रतिबंध लगाया, वास्तव में हममें से बहुत सारे लोगों ने तभी इसे शुरू किया. जितना आप थोपेंगे उतना ही हम विरोध करेंगे.

एक यूजर ने कहा कि मैं तमिल आदिवासी हूँ और बीफ हमारी संस्कृति का हिस्सा है.

एक यूजर ने लिखा “आपको पता है कि यह ट्रेंड इसलिए हुआ क्योंकि बीफ खाने को लेकर कोइम्बटोर में कुछ समूह ने एक इन्सान को पीटा. आज ये बीफ खाने पर पीट रहे हैं कल वे हमें गौ मूत्र पिलाएंगे और परसों मल खाने पर मजबूर करेंगे.

एक यूजर ने लिखा “बीफ खाओ और हिंदुत्व से लड़ो, खाने पर हम इन्हें निर्देश नहीं देने देंगे, तमिल नाडू में तो नहीं.”

एक यूजर ने लिखा “अच्छा जब लोग इन्हें खा रहे हैं तो यह गौ माता हो गईं, लेकिन जब आप किसी और जानवर को गंदगी फैलाने पर या खेत में मारते हैं तो. यह दोहरा मानक क्यों?

एक यूजर ने लिखा “मैं आप लोगों से बड़ा हिन्दू हूँ. मैं बीफ खाता हूँ और मेरा धर्म नहीं कहता कि मैं यह न खाऊँ. मैं ट्वीट करूंगा और बीफ खाऊंगा.”

कुछ लोगों ने बीफ से बने पकवान के कुछ चित्र को भी शेयर किया. जैसे एक यूजर ने पराठा के साथ बीफ लिखकर चित्र साझा किया.

एक यूजर ने तस्वीर शेयर करते हुए लिखा कि उनहोंने पहली बार बीफ मालदीव में खाया था. यह अब तक का सबसे मज़ेदार था.

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